एपस्टीन फाइलों को लेकर अमेरिकी अटॉर्नी जनरल पर दबाव, पीड़ितों से सहानुभूति जताई पर माफी से किया इनकार

एपस्टीन फाइलों के प्रबंधन और उनके व्हाइट हाउस में वितरण को लेकर अमेरिकी अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को सदन की न्यायपालिका समिति के सामने सफाई देनी पड़ी।
गवाही के दौरान उन्होंने जेफरी एपस्टीन कांड के पीड़ितों के प्रति संवेदना व्यक्त की और खेद जताया, हालांकि फाइलों को लेकर उठे सवालों पर अपनी भूमिका का बचाव किया।
सुनवाई के दौरान अटॉर्नी जनरल ने डोनाल्ड ट्रंप का खुलकर समर्थन किया। उन्होंने न्याय विभाग द्वारा एपस्टीन फाइलों के प्रबंधन को लेकर हो रही लगातार आलोचनाओं से ध्यान हटाने की कोशिश की और ट्रंप प्रशासन की सराहना की। बोंडी ने कहा कि वह ऐसे राष्ट्रपति के साथ खड़ी हैं, जिन्हें उनके अनुसार बार-बार महाभियोग और जांचों का सामना करना पड़ा।
न्यायपालिका समिति के सदस्यों को संबोधित करते हुए पाम बोंडी ने तीखे शब्दों में कहा कि यदि सुनवाई के दौरान राष्ट्रपति पर हमले किए गए, तो वह इसे स्वीकार नहीं करेंगी।
इस बीच रिपब्लिकन सांसद थामस मैसी ने अटॉर्नी जनरल पर यौन अपराधी जेफरी एपस्टीन के प्रभावशाली सहयोगियों के नाम छिपाने का आरोप लगाया। प्रतिनिधि सभा की समिति में सुनवाई के दौरान न्याय विभाग से फाइलों के संबंध में पूछे गए सवालों के बीच यह आरोप सामने आया।
एपस्टीन फाइलों को सार्वजनिक कराने की मुहिम का नेतृत्व कर रहे मैसी ने न्याय विभाग पर कानून का पालन न करने का आरोप लगाया। उन्होंने सवाल किया कि एफबीआई के उस दस्तावेज से अरबपति लेस्ली वेक्सनर का नाम क्यों हटाया गया, जिसमें यौन तस्करी मामले से जुड़े संभावित सह-साजिशकर्ताओं की सूची शामिल थी।
इस पर अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी ने जवाब दिया कि विभाग द्वारा जारी अन्य दस्तावेजों में वेक्सनर का नाम कई बार आया है और मैसी द्वारा दस्तावेज देखने के करीब 40 मिनट के भीतर उनका नाम संबंधित फाइल से हटाया गया था।
एपी के मुताबिक, सुनवाई के दौरान पाम बोंडी ने राष्ट्रपति ट्रंप का आक्रामक तरीके से बचाव किया और डेमोक्रेट सांसदों पर कड़े शब्दों में प्रतिक्रिया दी। उन्होंने खुद को रिपब्लिकन नेतृत्व की प्रमुख रक्षक के रूप में पेश करते हुए एपस्टीन फाइलों से निपटने के न्याय विभाग के तरीके पर हो रही आलोचनाओं को शांत करने की कोशिश की।
