
दिल्ली में गुरुवार सुबह पुलिस और लॉरेंस बिश्नोई गिरोह से जुड़े बदमाशों के बीच मुठभेड़ हो गई। इस कार्रवाई के बाद पुलिस ने गिरोह के दो शूटरों को दबोच लिया। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपी पश्चिम विहार और विनोद नगर इलाके में हुई हालिया फायरिंग की वारदातों में शामिल थे।
मुठभेड़ के दौरान एक शूटर के पैर में गोली लग गई, जिसके बाद उसे उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं दूसरा आरोपी नाबालिग बताया जा रहा है। पुलिस ने दोनों से पूछताछ शुरू कर दी है और गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों की पहचान कर उनकी तलाश की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि यह कार्रवाई राजधानी में बढ़ते अपराध पर नियंत्रण की दिशा में अहम मानी जा रही है।
गौरतलब है कि 12 और 13 जनवरी को पूर्वी दिल्ली के पश्चिमी विनोद नगर और पश्चिमी दिल्ली के पश्चिम विहार क्षेत्रों में ताबड़तोड़ गोलियां चलाई गई थीं। पश्चिमी विनोद नगर में एक कारोबारी के घर के बाहर, जबकि पश्चिम विहार में एक जिम को निशाना बनाकर कई राउंड फायरिंग की गई थी। शुरुआती जांच में सामने आया था कि दोनों घटनाएं फिरौती वसूली के उद्देश्य से अंजाम दी गई थीं।
इन फायरिंग की घटनाओं की जिम्मेदारी लॉरेंस बिश्नोई गिरोह ने ली थी। मामले की जांच संबंधित थाना पुलिस के साथ दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल और क्राइम ब्रांच की टीमें संयुक्त रूप से कर रही हैं। प्रारंभिक जांच में यह भी पुष्टि हुई है कि फायरिंग की साजिश और वारदातें लॉरेंस बिश्नोई गिरोह के निर्देश पर कराई गई थीं।