
देहरादून–पांवटा साहिब राष्ट्रीय राजमार्ग पर सुरक्षा इंतजामों की कमी भारी पड़ रही है। पिछले 10 दिनों में यहां आठ सड़क हादसे हो चुके हैं, जिनमें तीन लोगों की जान चली गई। बताया जा रहा है कि मार्ग पर साइन बोर्ड, चेतावनी संकेतक, रिफ्लेक्टर और लाइट जैसी बुनियादी सुविधाएं नहीं लगाई गई हैं, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ गया है।
पुलिस के अनुसार, कई बार नोटिस देने के बावजूद खामियों को दूर नहीं किया गया। इस लापरवाही को गंभीर मानते हुए गुरुवार को राष्ट्रीय राजमार्ग के संचालन प्रबंधक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है।
हाल ही में तैयार किए गए इस हाईवे का यह हिस्सा एकतरफा है और पांवटा साहिब से आने वाले वाहनों के लिए निर्धारित किया गया है। लेकिन पर्याप्त संकेतकों के अभाव में प्रेमनगर चौक से गोल चौराहे की ओर जाने वाले वाहन गलती से इसी रास्ते पर चढ़ जाते हैं। उन्हें यह पता ही नहीं चल पाता कि वे गलत दिशा में जा रहे हैं।
करीब चार किलोमीटर आगे गोल चौराहे के पास जाकर ही वाहन चालक नीचे उतर पाते हैं, तब तक दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। इसी वजह से इस मार्ग पर हादसों में लगातार बढ़ोतरी देखी जा रही है।