
देहरादून: उत्तराखंड राज्य के देहरादून जिले में एक अजीबो-गरीब स्थिति सामने आई है, जहां दो परिवारों में कुल 122 मतदाता निवास कर रहे हैं। यह आंकड़ा राज्य के चुनावी परिप्रेक्ष्य में एक चौंकाने वाली बात बनकर उभरा है। यह मामला हाल ही में सामने आया, जब निर्वाचन आयोग द्वारा किए गए मतदान सूची के अपडेट के दौरान इस जानकारी का खुलासा हुआ।दरअसल, देहरादून के एक इलाके में दो परिवारों में बड़े पैमाने पर मतदाताओं का निवास पाया गया। दोनों परिवारों के सदस्यों ने लंबे समय से एक ही मकान में रहने का दावा किया है, और मतदान सूची में उनका नाम दर्ज किया गया है। यह स्थिति निर्वाचन प्रक्रिया के लिए कई सवालों को जन्म देती है, खासकर जब बात चुनावी निष्पक्षता और पारदर्शिता की हो।निर्वाचन आयोग ने इस मामले की जांच शुरू कर दी है और उन परिवारों से विस्तृत जानकारी मांगी है। अधिकारियों का कहना है कि इस तरह के मामलों में मतदाता सूची की सटीकता सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। इसके अलावा, यह भी जांचा जा रहा है कि इन मतदाताओं ने एक ही घर में क्यों निवास किया और क्या किसी प्रकार की अनियमितताएं हुई हैं।स्थानीय निवासी इस मामले को लेकर काफी हैरान हैं। कई लोग इसे चुनावी प्रक्रिया में गड़बड़ी मानते हैं, जबकि कुछ का कहना है कि यह एक पुरानी परंपरा हो सकती है, जहां कुछ परिवार संयुक्त रूप से एक ही घर में रहते हैं और इसका मतदान सूची पर असर पड़ता है।हालांकि, निर्वाचन आयोग इस पर पूरी सख्ती से कार्रवाई करने की बात कर रहा है ताकि भविष्य में ऐसे मामले न सामने आएं। इसके साथ ही, देहरादून में अन्य क्षेत्रों में भी मतदाता सूची के पुनरीक्षण का कार्य जारी है, ताकि किसी प्रकार की गड़बड़ी न हो और हर एक व्यक्ति का सही तरीके से मतदान अधिकार सुरक्षित रहे।यह मामला अब राज्य के चुनाव आयोग के लिए एक चुनौती बन चुका है और यह देखना दिलचस्प होगा कि इस पर आगे क्या कदम उठाए जाते हैं।