
देहरादून: राजधानी के महाराणा प्रताप स्पोर्ट्स कॉलेज में रैगिंग और मानसिक उत्पीड़न का गंभीर मामला सामने आने के बाद खेल जगत में हड़कंप मच गया है। शिकायतों के आधार पर तीन सीनियर छात्र जांच के दायरे में हैं, जबकि कॉलेज प्रशासन अन्य छात्रों और अभिभावकों से भी जानकारी जुटाने की तैयारी कर रहा है।
सूत्रों के अनुसार, बीते दिनों जूनियर खिलाड़ियों और उनके अभिभावकों ने कॉलेज प्रशासन से मुलाकात कर लिखित एवं मौखिक शिकायतें दर्ज कराईं। आरोप है कि कुछ सीनियर छात्र जूनियर खिलाड़ियों से जबरन निजी कार्य करवाते थे और विरोध करने पर उन्हें मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था। लगातार हो रहे इस उत्पीड़न का असर छात्रों की पढ़ाई और खेल प्रदर्शन दोनों पर पड़ रहा है।
मामले की गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि एक छात्र के पिता ने अपने बेटे का प्रवेश निरस्त करने के लिए आवेदन दे दिया है, जबकि दूसरे छात्र को उसके परिजन कॉलेज से घर ले गए हैं। इसके अलावा एक अन्य अभिभावक ने भी कॉलेज प्रशासन के समक्ष शिकायत दर्ज कराई है।
कॉलेज प्रशासन अब पूरे मामले की जांच में जुट गया है। प्रारंभिक जानकारी के आधार पर तीन सीनियर छात्रों के नाम सामने आए हैं, जिनसे जल्द पूछताछ की जा सकती है। साथ ही अन्य छात्रों के बयान भी दर्ज किए जाएंगे ताकि घटना की पूरी सच्चाई सामने आ सके।
इस मामले पर विशेष प्रमुख सचिव (खेल) अमित सिन्हा ने कहा कि उन्हें अभी तक इस संबंध में औपचारिक शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि यदि कोई अभिभावक व्यक्तिगत रूप से शिकायत दर्ज कराता है या जांच में आरोप सही पाए जाते हैं, तो दोषियों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही कॉलेज प्रबंधन से भी पूरे मामले में जवाब मांगा जाएगा।
यदि आरोप सही साबित होते हैं, तो संबंधित छात्रों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई के साथ-साथ रैगिंग विरोधी नियमों के तहत भी कड़े कदम उठाए जा सकते हैं। फिलहाल मामले की जांच जारी है और कॉलेज प्रशासन सभी पक्षों से जानकारी जुटा रहा है।