
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान को सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर रिहा कर दिया गया है। पाकिस्तानी शीर्ष अदालत ने अल-कादिर ट्रस्ट गबन मामले में पीटीआई प्रमुख इमरान की गिरफ्तारी को गैर-कानूनी बताते हुए तुरंत रिहाई का आदेश दिया। वहीं इमरान ने अदालत में कहा कि मुझे बेहोश होने तक पीटा गया।
मुख्य न्यायाधीश उमर बंदियाल की पीठ ने बृहस्पतिवार को कहा, इस तरह अदालत से किसी को गिरफ्तार नहीं किया जा सकता। नेशनल अकाउंटेबिलिटी ब्यूरो (एनएबी) एक घंटे में इमरान को कोर्ट में पेश करे। इसके करीब दो घंटे बाद इमरान की पेशी हुई, तो पीठ ने उन्हें तुरंत रिहा करने का आदेश दे दिया। साथ ही, इमरान को शुक्रवार को इस्लामाबाद हाईकोर्ट में पेश होने का आदेश दिया।
कोर्ट ने इमरान से कहा कि वह अपने समर्थकों को हिंसा करने से रोकें। इस पर इमरान ने कहा कि रेंजर्स ने मुझे बेहोश होने तक पीटा। हम दंगा-फसाद नहीं, बल्कि चुनाव चाहते हैं। इमरान ने वादा किया, दो दिन में देश में अमन कायम कर देंगे।
हिंसक प्रदर्शनों के बीच हजारों उपद्रवी गिरफ्तार
इमरान खान की गिरफ्तारी के बाद तीसरे दिन पेशावर, लाहौर, क्वेटा व कराची में कई जगह हिंसक प्रदर्शन हुए। बृहस्पतिवार को इमरान समर्थकों की पुलिस से झड़पें हुईं और आगजनी की गई। पंजाब में 1,400 उपद्रवी गिरफ्तार हुए। अब तक 8 लोग हिंसा में मारे जा चुके हैं। जबकि, पार्टी ने 47 मौतों का दावा किया है। गिलगित-बाल्टिस्तान के कथित सीएम खालिद खुर्शीद को नजरबंद करने का भी दावा किया है।
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री की गिरफ्तारी से भड़के सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश ने कहा-
सुप्रीम कोर्ट की पीठ को खान के वकील हामिद खान ने बताया कि पूर्व पीएम गिरफ्तारी पूर्व जमानत की याचिका लेकर गए थे, लेकिन सुनवाई से पहले ही पैरामिलिट्री रेंजरों ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। इस पर पीठ ने कहा कि कोई अदालत आता है, तो वह एक तरह से कोर्ट में सरेंडर कर रहा होता है, ऐसे में कोर्ट ऑर्डर के बिना उसकी गिरफ्तारी अवैध है।
अदालत ने कहा कि इस तरह तो भीड़ आकर कल किसी को भी अदालत से उठा ले जाएगी, फिर अदालत की क्या गरिमा रह जाएगी। पीठ ने कहा, अगर इमरान को गिरफ्तार करना था, तो अदालत की इजाजत लेनी चाहिए थी। सुनवाई के दौरान इमरान ने कहा, उन्हें कोर्ट से गिरफ्तार नहीं, अगवा किया गया और लाठी-डंडों से पीटा गया।
सत्ताधारी पीएमएल-एन की नेता मरियम नवाज ने इमरान की रिहाई के आदेश को गलत बताते हुए कहा, अदालत ने देश का खजाना लूटने वालों को छोड़ा है। रिहा करने वाले जज सुप्रीम कोर्ट छोड़कर उनकी पार्टी में शामिल हो जाएं। उन्होंने कहा, जज डर गए हैं। वे जानते हैं कि अगर खान के विरुद्ध फैसला दिया तो उनके भी घर जलेंगे। एजेंसी
लाहौर-पेशावर में हालात और खराब
डॉन न्यूज के अनुसार, लाहौर तथा पेशावर में हालात सबसे ज्यादा खराब हैं और वहां आगजनी तथा गोलीबारी की घटनाएं हुईं। पाकिस्तानी सेना ने अपने प्रतिष्ठानों पर हमले को लेकर पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान के समर्थकों को कड़ा जवाब देने की चेतावनी देते हुए कहा कि किसी को भी कानून हाथ में नहीं लेने दिया जाएगा। उसने नौ मई को सैन्य प्रतिष्ठानों पर हमलों को देश के इतिहास का ‘काला अध्याय’ करार दिया।
‘जिन्ना हाउस’ हमले में 1,500 पीटीआई कार्यकर्ताओं पर केस
पंजाब पुलिस ने इमरान समर्थकों व उनकी पार्टी के 1,500 कार्यकर्ताओं पर लाहौर में सेना के एक शीर्ष अधिकारी के आवास पर हमला करने तथा उसे आग लगाने के आरोप में मुकदमा दर्ज किया है। ये नेता मंगलवार को सैन्य मुख्यालय में घुसे और लाहौर कोर कमांडर के आवास को आग लगा दी थी। ‘जिन्ना हाउस’ के नाम से पहचाने जाने वाले इस आवास पर हमले में इमरान खान, उपाध्यक्ष शाह महमूद कुरैशी और अन्य पर हत्या, आतंकवाद तथा 20 जघन्य अपराधों का मामला दर्ज किया गया।